स्नेह दीप फाउंडेशन की स्थापना कोविड-19 महामारी (सन् 2020) के पश्चात् हुई। उस कठिन समय में जब हम समाज में सहायता के लिए गए, तब दलित, वंचित और पिछड़े वर्ग की बस्तियों में व्याप्त गंभीर समस्याएँ — जैसे शिक्षा का अभाव, बाल श्रम, नशे की लत और असुरक्षित जीवन — हमारी आँखों के सामने उजागर हुईं। इन कठोर सच्चाइयों के सर्वांगीण उत्थान के लिए हमने कार्य आरंभ किया।

भगवान गौतम बुद्ध की प्रज्ञा, शील और करुणा के मार्ग पर तथा परमपूज्य डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर द्वारा प्रतिपादित शिक्षा, स्वाभिमान और बंधुत्व के विचारों के आधार पर — हम धर्मसंस्कार अध्ययन, स्वास्थ्य संबंधी उपक्रम तथा बहुजन महापुरुषों के विचारों को जन-जन तक पहुँचाने हेतु विविध उपक्रम चला रहे हैं।

हमारा लक्ष्य

  • हमारा उद्देश्य वंचित एवं बहुजन समाज के बच्चों को अच्छी शिक्षा, सही दिशा में करियर मार्गदर्शन और उचित अवसर प्रदान करना है।
  • धम्मसंस्कार,नैतिक मूल्यों और आत्मविश्वास के माध्यम से समाज में सकारात्मक वातावरण उत्पन्न करना।
  • सामाजिक विषमता को दूर कर समानता, बंधुत्व और स्वाभिमान के मूल्यों पर आधारित समाज की स्थापना करना।
  • शासन की योजनाएँ और सुविधाएँ बहुजन समाज तक पहुँचाना।
  • उच्च शिक्षा के लिए युवाओं को प्रेरित करना और सहायता प्रदान करना।
  • तथागत गौतम बुद्ध की ‘अत्त दीपो भव’ (स्वयं दीपक बनो) की शिक्षा तथा परमपूज्य डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर के ‘शिक्षित बनो, संगठित हो, संघर्ष करो’ के प्रेरणास्रोत विचारों से प्रेरित होकर ‘स्नेह-दीप फाउंडेशन’ समाज परिवर्तन के लिए निरंतर कार्यरत है।